Breaking News

बस्तर में जनसेवा का नया अध्याय: सोनू सूद और माँ मातंगी दिव्य धाम मिलकर बढ़ाएंगे सेवा कार्य

जामगांव/बस्तर। समाजसेवा और मानव कल्याण के क्षेत्र में एक नई पहल की शुरुआत होने जा रही है। प्रसिद्ध बॉलीवुड अभिनेता एवं समाजसेवी Sonu Sood और जामगांव स्थित माँ मातंगी दिव्य धाम के पीठाधीश्वर Dr. Premasai Maharaj के बीच हुई आत्मीय भेंट और सार्थक संवाद ने बस्तर क्षेत्र में जनसेवा कार्यों को नई दिशा देने की उम्मीद जगाई है। दोनों के बीच शिक्षा, स्वास्थ्य, गौसंरक्षण, आध्यात्मिक जागरूकता और आदिवासी अंचलों के विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई।

मुलाकात के दौरान डॉ. प्रेमासाई महाराज ने सोनू सूद का छत्तीसगढ़ की पावन धरा पर स्वागत करते हुए उन्हें आशीर्वाद प्रदान किया। साथ ही उन्होंने माँ मातंगी दिव्य धाम में आयोजित होने वाले माँ कोत्रवै प्रतिमा स्थापना एवं प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव में शामिल होने का स्नेहपूर्ण आमंत्रण भी दिया। सोनू सूद ने इस आमंत्रण को सहर्ष स्वीकार करते हुए आयोजन में शामिल होकर माता का आशीर्वाद ग्रहण करने की इच्छा व्यक्त की।

जनसेवा कार्यों पर हुई विस्तृत चर्चा

बैठक के दौरान डॉ. प्रेमासाई महाराज ने देशभर में सूद चैरिटी फाउंडेशन द्वारा किए जा रहे मानवसेवा कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के समय से लेकर वर्तमान तक सोनू सूद ने लाखों जरूरतमंद लोगों की सहायता कर समाजसेवा की एक मिसाल कायम की है।

इस अवसर पर डॉ. प्रेमासाई महाराज ने माँ मातंगी दिव्य धाम द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी गतिविधियों की जानकारी भी साझा की। उन्होंने बताया कि धाम के माध्यम से जरूरतमंद बच्चों को शिक्षा सहायता, अस्थमा रोगियों के लिए निःशुल्क उपचार, आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को सहयोग, गौसंरक्षण, आईटीबीपी जवानों के लिए आध्यात्मिक मार्गदर्शन तथा अन्य सामाजिक सेवा कार्य लगातार संचालित किए जा रहे हैं।

बच्चों के लिए संस्कार और शिक्षा पर विशेष जोर

डॉ. प्रेमासाई महाराज ने बताया कि धाम द्वारा जल्द ही “माँ मातंगी शिक्षा रत्न” सम्मान की शुरुआत की जाएगी। इसके साथ ही धाम में आने वाले बच्चों के लिए प्रतिदिन नैतिक शिक्षा एवं संस्कार की विशेष कक्षाएं शुरू करने की योजना बनाई जा रही है।

उन्होंने कहा कि इन कक्षाओं का उद्देश्य बच्चों को केवल शैक्षणिक रूप से सक्षम बनाना नहीं, बल्कि उनमें अनुशासन, संस्कार, सामाजिक जिम्मेदारी और सेवा भाव जैसे मूल्यों का विकास करना भी है। उनका मानना है कि शिक्षा और संस्कार का समन्वय ही समाज के उज्ज्वल भविष्य की नींव रख सकता है।

बस्तर के आदिवासी अंचलों में सेवा विस्तार की तैयारी

बैठक का प्रमुख केंद्र बिंदु बस्तर क्षेत्र के दूरस्थ और आदिवासी इलाकों में जनसेवा कार्यों का विस्तार रहा। दोनों पक्षों के बीच इस बात पर सकारात्मक चर्चा हुई कि शिक्षा, स्वास्थ्य, युवा विकास और जरूरतमंद परिवारों की सहायता के लिए संयुक्त रूप से योजनाएं बनाई जाएं।

माँ मातंगी दिव्य धाम की ओर से विश्वास व्यक्त किया गया कि बस्तर क्षेत्र में सूद चैरिटी फाउंडेशन की जनसेवा गतिविधियों को हरसंभव सहयोग प्रदान किया जाएगा। इसके माध्यम से शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक उत्थान से जुड़े कार्यक्रमों का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।

सेवा ही समाज परिवर्तन का सबसे प्रभावी माध्यम: सोनू सूद

इस अवसर पर सोनू सूद ने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक सहायता पहुंचाना ही उनके सेवा कार्यों का मूल उद्देश्य है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि युवाओं, आदिवासी समुदायों, जरूरतमंद परिवारों और शिक्षा से वंचित बच्चों के उत्थान के लिए वे अपने सामाजिक अभियानों के माध्यम से निरंतर योगदान देते रहेंगे।

उन्होंने कहा कि सेवा केवल सहायता का माध्यम नहीं, बल्कि समाज को जोड़ने और लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का सबसे प्रभावी रास्ता है।

भविष्य में संयुक्त रूप से चलेंगे जनहित अभियान

माँ मातंगी दिव्य धाम और सूद चैरिटी फाउंडेशन के बीच हुई इस सकारात्मक चर्चा को बस्तर क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। दोनों संस्थाएं भविष्य में शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक जागरूकता, गौसंरक्षण और मानव कल्याण से जुड़े विभिन्न जनहितकारी अभियानों को मिलकर संचालित करने की दिशा में कार्य करेंगी।

इस पहल से बस्तर सहित छत्तीसगढ़ के विभिन्न क्षेत्रों में जरूरतमंद नागरिकों को लाभ मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। समाजसेवा के क्षेत्र में दो प्रमुख नामों का यह सहयोग आने वाले समय में अनेक लोगों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है।

Related Articles

Back to top button